सफाई व्यवस्था ध्वस्त, घायल पशुओं के घावों में पड़े कीड़े; ग्रामीणों ने जांच और कार्रवाई की उठाई मांग
लाखों की कान्हा गौशाला बदहाल, गंदगी में तड़प रहे गौवंश

फतेहगंज पश्चिमी। सरकार द्वारा निराश्रित एवं बेसहारा गौवंशों के संरक्षण और बेहतर देखभाल के लिए लाखों रुपये खर्च किए जा रहे हैं, लेकिन नगर पंचायत फतेहगंज पश्चिमी के गांव चितौली कान्हा गौशाला की वास्तविक स्थिति इन दावों की पोल खोलती नजर आ रही है। गौशाला में फैली गंदगी, घायल और बीमार गौवंशों की दयनीय हालत तथा सफाई व्यवस्था की बदइंतजामी से पशुओं के संरक्षण को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।

स्थानीय लोगों के अनुसार गौशाला परिसर में जगह-जगह गोबर के बड़े-बड़े ढेर लगे हुए हैं। लंबे समय से नियमित साफ-सफाई नहीं होने के कारण परिसर में दुर्गंध फैली रहती है और मक्खियों का प्रकोप बना हुआ है। ऐसे हालात में गौवंश उसी गंदगी के बीच बैठने और रहने को मजबूर हैं। लोगों का आरोप है कि कागजों में साफ-सफाई और रखरखाव के दावे किए जाते हैं, जबकि धरातल पर स्थिति बिल्कुल विपरीत है।

सबसे चिंताजनक स्थिति घायल और बीमार गौवंशों की बताई जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि कई पशु गंभीर रूप से घायल हैं और उनके घावों में कीड़े पड़ चुके हैं। समय पर उपचार और उचित देखभाल न मिलने से उनकी हालत लगातार बिगड़ती जा रही है। पशुओं को पर्याप्त चिकित्सा सुविधा, दवा और नियमित निगरानी नहीं मिल रही, जिससे उनकी पीड़ा बढ़ रही है।

ग्रामीणों का आरोप है कि गौशाला में चारा, चिकित्सा और रखरखाव की व्यवस्थाओं को लेकर लगातार लापरवाही बरती जा रही है। उनका कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो कई गौवंशों की जान भी खतरे में पड़ सकती है। लोगों ने प्रशासन से गौशाला की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराए जाने की मांग की है, ताकि वास्तविक स्थिति सामने आ सके और जिम्मेदार अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई हो।

ग्रामीणों ने मांग की है कि गौशाला में तत्काल विशेष सफाई अभियान चलाया जाए, घायल गौवंशों का चिकित्सकीय परीक्षण कर उनका समुचित उपचार कराया जाए तथा नियमित रूप से चारा, दवा और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, जिससे निराश्रित गौवंशों को सुरक्षित और स्वच्छ वातावरण मिल सके।

इस संबंध में पशु चिकित्साधिकारी डॉ. देश दीपक सिंह ने बताया कि वह फिलहाल बाहर हैं। लौटने के बाद गौशाला का निरीक्षण कर घायल गौवंशों का उपचार कराया जाएगा। वहीं नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी पुष्पेंद्र सिंह राठौर ने बताया कि सड़क दुर्घटना में घायल एक गौवंश का इलाज कराया जा रहा है तथा गौशाला में चारे की कोई कमी नहीं है।




