30 जून को बरेली आ सकते हैं मुख्यमंत्री योगी, मंडलीय समीक्षा के साथ रामायण वाटिका के लोकार्पण की तैयारी तेज
शासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक कार्यक्रम जारी नहीं

बरेली – मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रस्तावित बरेली दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। हालांकि शासन की ओर से अभी आधिकारिक कार्यक्रम जारी नहीं किया गया है, लेकिन मुख्यमंत्री कार्यालय से प्रस्तावित तिथियों की सूचना मिलने के बाद प्रशासन और पुलिस महकमा पूरी तरह अलर्ट हो गया है। अधिकारियों ने सर्किट हाउस, त्रिशूल एयरपोर्ट और अन्य संभावित कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री 29 जून को विमान से त्रिशूल एयरपोर्ट पहुंचेंगे। यहां से वह हेलिकॉप्टर के माध्यम से पीलीभीत और फिर मुरादाबाद जाएंगे, जहां रात्रि विश्राम करेंगे। इसके बाद 30 जून को रामपुर में जनसभा को संबोधित करने के बाद हेलिकॉप्टर से बरेली पुलिस लाइन पहुंचेंगे। यहां से सर्किट हाउस में मंडलीय समीक्षा बैठक करेंगे। साथ ही रामगंगानगर स्थित बीडीए की भव्य रामायण वाटिका का लोकार्पण भी प्रस्तावित है।
प्रशासन और पुलिस ने संभाला मोर्चा
मुख्यमंत्री के संभावित आगमन को देखते हुए जिलाधिकारी अविनाश सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य, पुलिस अधीक्षक नगर मानुष पारीक समेत प्रशासन एवं पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने शनिवार को सर्किट हाउस और त्रिशूल एयरपोर्ट का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान रंग-रोगन, फुटपाथ मरम्मत, सभागार के कार्य, पार्किंग व्यवस्था तथा एयरपोर्ट से सर्किट हाउस तक यातायात व्यवस्था की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने सभी विभागों को समयबद्ध तरीके से तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए।
भोजन कार्यक्रम पर अंतिम निर्णय बाकी
मुख्यमंत्री के बरेली प्रवास के दौरान दोपहर के भोजन को लेकर अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है। यदि मुख्यमंत्री बरेली में भोजन करेंगे तो वे सड़क मार्ग से सर्किट हाउस पहुंचेंगे और वहां से पुलिस लाइन के हेलिपैड के जरिए पीलीभीत रवाना होंगे। दूसरी संभावना यह भी है कि वह एयरपोर्ट से सीधे हेलिकॉप्टर द्वारा पीलीभीत चले जाएं।
चार जिलों की होगी मंडलीय समीक्षा
मुख्यमंत्री की प्रस्तावित मंडलीय समीक्षा बैठक को लेकर बरेली, पीलीभीत, बदायूं और शाहजहांपुर जिलों में तैयारियां युद्धस्तर पर चल रही हैं। विभिन्न विभाग मुख्यमंत्री की प्राथमिकता वाली योजनाओं की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं। ग्रिड योजना, जल निगम की परियोजनाओं सहित विभिन्न विकास योजनाओं की समीक्षा होगी। हाल ही में जल निगम के कार्यों में सामने आई अनियमितताओं के मद्देनजर विभागीय अधिकारियों से विस्तृत रिपोर्ट भी तलब की गई है।
4000 करोड़ की परियोजनाओं का लोकार्पण-शिलान्यास संभव
सूत्रों के अनुसार मुख्यमंत्री करीब 4000 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास कर सकते हैं। हालांकि जनसभा के आयोजन को लेकर अभी अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है।
रामायण वाटिका बनकर तैयार
बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) द्वारा कार्यालय परिसर के समीप लगभग 33 हजार वर्गमीटर क्षेत्रफल में करीब 46 करोड़ रुपये की लागत से विकसित रामायण वाटिका पूरी तरह तैयार हो चुकी है। परिसर में 51 फीट ऊंची भगवान श्रीराम की भव्य प्रतिमा स्थापित की गई है। पूरे परिसर को आकर्षक प्रकाश व्यवस्था से सजाया गया है। मुख्यमंत्री के आगमन पर यहां विशेष लेजर शो भी प्रस्तावित है।
पीडब्ल्यूडी के 774 विकास कार्यों की होगी समीक्षा
मुख्यमंत्री लोक निर्माण विभाग की मंडलीय कार्ययोजना की भी समीक्षा करेंगे। इस दौरान 3152.64 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित 774 विकास कार्यों पर चर्चा होगी। इनमें नई सड़कें, फ्लाईओवर, बाइपास, सेतु, भवन निर्माण सहित अन्य आधारभूत विकास परियोजनाएं शामिल हैं। जनप्रतिनिधियों के प्रस्तावों को भी प्राथमिकता के आधार पर कार्ययोजना में शामिल किया जाएगा।
वन राज्यमंत्री ने की तैयारियों की समीक्षा
मुख्यमंत्री के प्रस्तावित दौरे से पहले वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री डॉ. अरुण कुमार ने सर्किट हाउस में अधिकारियों के साथ बैठक कर विकास एवं कल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि लोकार्पण एवं शिलान्यास से जुड़ी सभी तैयारियां समयबद्ध, व्यवस्थित और गुणवत्ता के साथ पूरी की जाएं।
सुरक्षा के लिए एक हजार पुलिसकर्मी रहेंगे तैनात
मुख्यमंत्री की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस ने भी व्यापक तैयारी शुरू कर दी है। एसपी सिटी मानुष पारीक के अनुसार सुरक्षा व्यवस्था में पांच अपर पुलिस अधीक्षक, नौ क्षेत्राधिकारी और करीब एक हजार पुलिसकर्मी तैनात किए जाएंगे। इसके लिए रेंज स्तर से अतिरिक्त पुलिस बल भी मांगा जाएगा। मुख्यमंत्री का मिनट-टू-मिनट कार्यक्रम जारी होने के बाद एयरपोर्ट, हेलिपैड, कार्यक्रम स्थल और यातायात व्यवस्था के अनुसार सुरक्षा तैनाती की जाएगी।
(नोट: मुख्यमंत्री का यह कार्यक्रम अभी प्रस्तावित है। अंतिम कार्यक्रम शासन की ओर से आधिकारिक रूप से जारी होने के बाद ही पुष्टि होगी।)



